School Holiday: देश के कई हिस्सों में ठंड का कहर अभी थमा नहीं है. खासकर उत्तर भारत में कड़ाके की सर्दी और कोहरे ने जनजीवन को काफी हद तक प्रभावित किया है. बीते *20 दिनों में कई राज्यों में स्कूलों को या तो बंद करना पड़ा* या फिर स्कूल समय में बदलाव करना पड़ा. सुबह के समय तापमान बेहद नीचे गिरने और घने कोहरे के कारण स्कूली बच्चों को घर से निकलना मुश्किल हो गया था. अब मौसम में थोड़ी राहत जरूर है, लेकिन सर्द हवाओं और गिरते तापमान की वजह से स्कूल संचालन अब भी चुनौती बना हुआ है.
लंबे ब्रेक के बाद फिर से स्कूल लौटे बच्चे
लगातार छुट्टियों और समय बदलाव के बाद अब कुछ राज्यों में स्कूल दोबारा खुलने लगे हैं. बच्चे फिर से पढ़ाई की पटरी पर लौटने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन सर्द मौसम ने एक बार फिर ब्रेक लगाने की तैयारी कर ली है. अब बच्चों के लिए फिर से राहत भरी खबर सामने आई है – उन्हें अगले तीन दिन लगातार छुट्टियां मिलने वाली हैं, जो न केवल सर्दी की राहत बनेंगी, बल्कि एक तरह का लॉन्ग वीकेंड भी बन जाएगा.
जानिए कब-कब स्कूल रहेंगे बंद
स्कूलों में तीन दिन की छुट्टी का सिलसिला 24 जनवरी से शुरू हो सकता है.
- 24 जनवरी (शनिवार): उत्तर भारत के कई जिलों में कड़ाके की ठंड और मौसम की स्थिति को देखते हुए स्थानीय प्रशासन द्वारा स्कूल बंद रखने की संभावना है.
- 25 जनवरी (रविवार): यह साप्ताहिक अवकाश है, जो हर स्कूल में रहता है.
- 26 जनवरी (सोमवार): गणतंत्र दिवस के उपलक्ष्य में देशभर में छुट्टी रहती है.
इस प्रकार बच्चों को 24 से 26 जनवरी तक लगातार तीन दिन स्कूल नहीं जाना पड़ेगा, जिससे वे सर्दी से कुछ राहत पा सकेंगे.
गणतंत्र दिवस का महत्व और छुट्टी का अवसर
26 जनवरी भारतीय गणतंत्र का प्रतीक दिन है. इस दिन 1950 में भारत का संविधान लागू हुआ था, जिसे पूरे देश में राष्ट्र पर्व के रूप में मनाया जाता है. इस दिन सरकारी, निजी कार्यालयों के साथ स्कूल और कॉलेज भी बंद रहते हैं. बच्चों के लिए यह दिन सिर्फ आराम का मौका नहीं, बल्कि देश के इतिहास और संविधान के बारे में जानने और गर्व महसूस करने का भी अवसर होता है. कई स्कूलों में गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन भी किया जाता है.
ठंड अभी भी जारी, प्रशासन पूरी तरह सतर्क
हालांकि कुछ इलाकों में मौसम में सुधार के संकेत मिले हैं, लेकिन कई पहाड़ी और मैदानी क्षेत्रों में ठंड की तीव्रता बनी हुई है.
- उत्तर भारत के कई शहरों में हाल ही में बारिश हुई, जिससे तापमान और गिर गया.
- जम्मू-कश्मीर, उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश जैसे राज्यों में बर्फबारी के कारण कड़ाके की ठंड का असर मैदानी इलाकों तक पहुंच रहा है.
- तेज सर्द हवाओं और कोहरे ने स्थिति को और जटिल बना दिया है.
प्रशासन की ओर से भी मौसम की स्थिति पर करीबी नजर रखी जा रही है और आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त छुट्टियों या समय बदलाव पर निर्णय लिया जा सकता है.
सर्द मौसम में बच्चों की सेहत का रखें विशेष ध्यान
बच्चों की सेहत को देखते हुए स्कूलों का बंद रहना फायदेमंद साबित हो सकता है. डॉक्टरों के मुताबिक, ठंड में बच्चों को सर्दी, जुकाम, फ्लू और बुखार जैसी समस्याओं का ज्यादा खतरा होता है.
अभिभावकों को चाहिए कि वे बच्चों को गर्म कपड़े पहनाकर रखें, उन्हें अधिक ठंडे पदार्थों से दूर रखें और बाहर निकलने से बचाएं. स्कूलों में भी हीटर, गर्म पानी और स्वच्छ वातावरण की व्यवस्था सुनिश्चित की जानी चाहिए.
आगे कैसा रहेगा मौसम?
मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में उत्तर भारत के कई हिस्सों में तापमान में और गिरावट संभव है.
- कोहरा और शीतलहर का असर भी जारी रह सकता है.
- कुछ क्षेत्रों में हल्की बारिश और तेज हवाएं भी देखने को मिल सकती हैं.
- गणतंत्र दिवस के दिन दिल्ली-NCR सहित अन्य हिस्सों में कड़ाके की ठंड बनी रह सकती है.
IMD (भारतीय मौसम विभाग) ने भी संभावित ठंड और कोहरे को लेकर चेतावनी जारी की है.






